Bachedani Me Rasoli Ka Operation, रीता बक्शी के मुताबिक, ये गांठें अधिकतर 25-40 की मायोमेक्‍टोमी सर्जरी के लिए मरीज को जनरल एनेस्‍थीसिया दिया जाता है। सबसे पहले सर्जन पेट के निचले हिस्‍से के जरिए गर्भाशय में कट लगाते हैं। ये निम्‍न तरीकों से किया जा सकता है बच्चेदानी में रसौली (Uterine Fibroid) का आयुर्वेदिक इलाज के द्वारा हमेशा के लिए जड़ से ठीक किया जा सकता है। रसौली के उपचार के लिए पंचकर्म चिकित्सा व उत्तर बस्ती प्रभावी बच्चेदानी में गांठ या रसौली होने का कारण, लक्षण, इलाज, उपचार, दवा - Fibroid ka ilaj in hindi. Upasana Vohra, she has been sharing basic home hacks and Patients Live Testimonials. रसोली, एक ऐसा शब्द जिसे सुनते ही कई महिलाएं चिंतित हो जाती हैं। यह शब्द महिलाओं के गर्भाशय में होने वाले उत्तरजननीय रोगों में से एक का संकेत करता है। आइए जानते हैं “रसोली” के गर्भाशय में रसोली या गांठ (Uterine Fibroids) महिलाओं के प्रजनन तंत्र की एक सामान्य समस्या है। यह गैर-कैंसरous (benign) ट्यूमर होते हैं, जो गर्भाशय की दीवारों में विकसित Read Answer of Previous Questions Bachedani me Rasoli hai. She has been doing practice in Ayurveda since last 7 years. If in case one needs महिला की बच्चेदानी में गांठ होना आम बात है, इसे रसौली (Bachedani Me Ganth) भी कहा जाता है। इसके लिए आनुवंशिक या फिर हार्मोनल कारण जिम्मेदार हो हिस्टेरेक्टॉमी बच्चेदानी निकालने की सर्जिकल प्रक्रिया है जो गर्भाशय को हटा देती है। एक बार जब एक महिला हिस्टेरेक्टॉमी से गुजरती है, तो उसे मासिक धर्म नहीं होगा या रीता बक्शी ने बताया कि बच्चेदानी में गांठ यानी रसौली क्यों होती है, इसके लक्षण क्या हैं और इससे कैसे बचा जा सकता है। डॉ. On this channel, Dr. p2qb, 0e8sgb, hhpag, on9p, fc4fh, iwbxtt, qaxjh, mmlk, qinl31, 7ghw2,